प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव और संकट के बीच ईरान के राष्ट्रपति डॉ मसूद पेजेशकियन से फोन पर बातचीत की। इस बातचीत में पीएम मोदी ने मध्य पूर्व क्षेत्र में स्थिरता और शांति बहाल करने के लिए संवाद और कूटनीति का आग्रह किया। प्रधानमंत्री ने ईरान-इजराइल हमले के बीच कई पश्चिम एशियाई देशों के नेताओं से भी बातचीत की है।
मध्य पूर्व क्षेत्र में बढ़ते तनाव और संकट के बीच पीएम मोदी ने कई देशों के नेताओं से बातचीत की है। उन्होंने ओमान, कुवैत, बहरीन, सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, जॉर्डन, इजराइल और कतर के नेताओं से बात की और उनके देशों पर हुए हमलों पर चिंता व्यक्त की। पीएम मोदी ने इन देशों में रहने वाले भारतीय समुदाय के कल्याण और सुरक्षा पर भी चर्चा की।
खाड़ी देशों और पश्चिम एशिया में लगभग एक करोड़ भारतीय रहते हैं, जिनमें से लगभग 10,000 भारतीय नागरिक ईरान में और 40,000 से अधिक इजराइल में रहते हैं। पीएम मोदी ने इन भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और कल्याण के लिए विशेष ध्यान देने की आवश्यकता पर जोर दिया है। उन्होंने कहा कि भारतीय नागरिकों की सुरक्षा और सामान की आवाजाही की स्वतंत्रता भारत की प्राथमिकता है।
प्रधानमंत्री मोदी ने मध्य पूर्व क्षेत्र में शांति और स्थिरता बहाल करने के लिए संवाद और कूटनीति का आग्रह किया है। उन्होंने कहा कि भारत मध्य पूर्व क्षेत्र में शांति और स्थिरता के लिए प्रतिबद्ध है और इस क्षेत्र में बढ़ते तनाव को कम करने के लिए काम करने के लिए तैयार है। पीएम मोदी की इस पहल से मध्य पूर्व क्षेत्र में शांति और स्थिरता बहाल करने में मदद मिल सकती है।