बिहार सरकार ने राशन कार्डधारकों को ई-केवाईसी कराने के लिए 28 फरवरी तक की समय सीमा तय की है। यदि इस तिथि तक लाभुक ई-केवाईसी नहीं कराते हैं, तो उनका नाम राशन कार्ड से हटा दिया जाएगा। खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग ने स्पष्ट निर्देश जारी किया है कि खाद्य सुरक्षा योजना के अंतर्गत आने वाले हर लाभुक के लिए ई-केवाईसी अनिवार्य है।
सिवान जिले में लगभग 20 प्रतिशत लाभुकों का ई-केवाईसी अभी भी लंबित है। जिला आपूर्ति शाखा के आंकड़ों के अनुसार, सिवान में कुल 27 लाख 73 हजार 954 लाभुक हैं, जिनमें से करीब 80 प्रतिशत ने ई-केवाईसी पूरा करा लिया है। लेकिन अभी भी 5 लाख 71 हजार 528 लाभुकों का सत्यापन लंबित है।
जिला आपूर्ति पदाधिकारी सीमा कुमारी ने बताया कि ई-केवाईसी नहीं कराने पर सिर्फ राशन ही नहीं, बल्कि अन्य योजनाओं का लाभ भी बंद हो सकता है। जिनका राशन कार्ड निरस्त होगा, वे कई सरकारी योजनाओं से बाहर हो जाएंगे, जिनमें प्रधानमंत्री आवास योजना, आयुष्मान भारत, श्रमिक योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, फसल बीमा योजना, प्रधानमंत्री उज्ज्वला और प्रधानमंत्री विश्वकर्मा योजना शामिल हैं।
प्रशासन ने अपील की है कि जिन लाभुकों का ई-केवाईसी लंबित है, वे तुरंत नजदीकी जनवितरण प्रणाली दुकान या संबंधित केंद्र पर जाकर प्रक्रिया पूरी कर लें। 28 फरवरी के बाद कोई मौका नहीं मिलेगा, इसलिए लाभुकों को जल्द से जल्द ई-केवाईसी कराने की सलाह दी जा रही है।