राजधानी रांची समेत झारखंड के कई हिस्सों में गुरुवार को हल्के बादल छाए रहने की संभावना है। मौसम विभाग के अनुसार इस बदलाव से मौसम में ज्यादा अंतर नहीं आएगा और फिलहाल बारिश की संभावना नहीं है। हालांकि बादल हटने के बाद तापमान में गिरावट दर्ज की जा सकती है। शुक्रवार के बाद न्यूनतम तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस तक की कमी आने की संभावना जताई गई है। विभाग ने बताया कि उत्तर-पश्चिम भारत में सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ के कारण राज्य के मौसम में यह बदलाव देखने को मिल रहा है। यह विक्षोभ कमजोर पड़ने के बाद 13 फरवरी तक एक नया पश्चिमी विक्षोभ देश के पश्चिमोत्तर भाग में दस्तक दे सकता है, जिससे एक बार फिर मौसम में बदलाव संभव है।
पिछले 24 घंटों में राज्य के कई जिलों में न्यूनतम तापमान 10 डिग्री से नीचे दर्ज किया गया। सबसे कम न्यूनतम तापमान गुमला में 6.4 डिग्री सेल्सियस रहा। वहीं, राजधानी रांची का न्यूनतम पारा 10.9 डिग्री दर्ज किया गया। राज्य में अधिकतम तापमान सामान्य से लगभग एक डिग्री अधिक है, जबकि अधिकांश शहरों में न्यूनतम तापमान सामान्य से 1–3 डिग्री कम रहा। गुमला, हजारीबाग, लोहरदगा, सिमडेगा और मेदिनीनगर में रात के समय ठंड का असर अभी भी महसूस किया जा रहा है। इन जिलों में सुबह और देर रात कड़ाके की ठंड बनी हुई है।
राजधानी रांची में दोपहर के समय गर्मी का असर भी दिखने लगा है। कई लोग बिना स्वेटर के नजर आ रहे हैं और हल्की धूप में खड़े होने पर पसीना महसूस कर रहे हैं। जमशेदपुर, सरायकेला-खरसावां, देवघर और गोड्डा समेत अन्य जिलों में भी दोपहर के समय यही स्थिति है। पूर्वी व पश्चिम सिंहभूम, सरायकेला-खरसावां और सिमडेगा में अधिकतम तापमान 32–33 डिग्री के बीच पहुंच गया है। इन क्षेत्रों में न्यूनतम तापमान लगभग 14 डिग्री दर्ज किया गया है, जिससे सुबह-शाम हल्की ठंड के बावजूद दोपहर में स्वेटर की जरूरत नहीं पड़ रही।
जंगल और पठारी इलाकों में सुबह-शाम ठंड बरकरार है। हालांकि झारखंड में ठंड की विदाई धीरे-धीरे हो रही है, लेकिन जंगल और पठारी इलाकों में अब भी ठंड का असर बना हुआ है। गुमला, खूंटी, लोहरदगा, लातेहार, रांची, हजारीबाग और रामगढ़ में सुबह और शाम कंकनी महसूस की जा रही है। गुमला में न्यूनतम तापमान 6.6 डिग्री तक दर्ज किया गया। मौसम विभाग के अनुसार इन जिलों में न्यूनतम तापमान 10–11 डिग्री के बीच रहने की संभावना है। अन्य जिलों में मौसम सामान्य हो रहा है, लेकिन रात के समय ठंड का असर पूरी तरह खत्म नहीं हुआ है।